जैन भजन, मंत्र

जैन भजन, जैन मंत्र और तपस्या के गीत. Jain bhajans, mantras and Tapasya songs.

Jain Mantra

Vrihad Mangalpath (Badi Manglik)

यह नित्य प्रार्थना और दैनिक पूजा-पाठ का गीत है। Part of daily prayer and worship. बृहद् मंगल-पाठ प्रातःकाल पूर्वाभिमुख होकर एकाग्रचित्त से अपने आप को मंगलमय अनुभव करते हुए बृहद् मंगल पाठ बोलें। णमो अरहंताणं, णमो सिद्धाणं, णमो आयरियाणं, णमो उवज्झायाणं, णमो लोए सव्वसाहूणं । एसो पंच णमुक्कारो, सव्व पावपणासणो । मंगलाणं च सव्वेसिं, पढमं […]

Adhyatmik, Nirgun Bhajan, Satsang

Yadi Bhala Kisi Ka Kar N Sako To

यह जैन तपस्या और अनुमोदना के अवसरों पर गाया जाने वाला आध्यात्मिक गीत है। A spiritual song for Jain Tapasya and Anumodana. यदि भला किसी का (लय : दिल लुटने वाले……..) यदि भला किसी का करन सको तो, बुरा किसी का मत करना  यदि सदगुण मोती चुग न सको तो, दुर्गुण से घर मत भरना […]

Adhyatmik, Satsang

Yadi Bhala Kisika Kar Na Sako To

यह जैन तपस्या और अनुमोदना के अवसरों पर गाया जाने वाला आध्यात्मिक गीत है। A spiritual song for Jain Tapasya and Anumodana. आध्यात्मिक  भला किसी का कर न सको तो बुरा किसी का ना करना । पुष्प नहीं बन सकते तो तुम, कांटे बन कर मत रहना ॥ बन ना सको भगवान् अगर, कम से […]

Bhachya, Tapasya Geet

Yadi Krodh Tumhara Kam N Huaa (Tap)

यह विवाह गीत है जो शादी, मांगलिक कार्यक्रमों और पारिवारिक उत्सवों में गाया जा सकता है। A traditional wedding song for marriage ceremonies and family celebrations. ,(लय-दिल लूटने वाले जादूगर) यदि क्रोध तुम्हारा कम न हुआ तो,तप का सिर झुक जाएगा,  यदि अहम् हमारा सम न हुआ, तो तप फिर धोखा खाएगा।  यदि क्रोध तुम्हारा

Terapanth

Ye Terapanth Hamara

यह सरस गीत संग्रह का एक भजन है — पारंपरिक भक्ति की धरोहर। A devotional song from the Saras Geet collection. (लय : ईन्सान से ईन्सान को हो) सो सो वरसो से दे रहा जग को उजियारा  ये तेरापंथ हमारा ,यह तेरापंथ हमारा -2 हम भाग्यवंत है यह पंथ हमे प्राणों से प्यारा यह तेरापंथ […]

Bhikshu Swami, Terapanth

अ भी रा शि को उदारी हो (विघ्न हरण की ढाल)Abhi Ra Shi Ko Udari Ho (Vighn Haram Ki Dhal)

यह जैन तीर्थंकरों और संतों की वंदना का भजन है — भक्ति और स्वाध्याय के लिए। A Jain devotional song honoring the Tirthankaras and saints.  धम्म-जागरणा विघ्न-हरण  श्रीमज्जयाचार्य अ.भी.रा.शि.को. उदारी हो, धर्ममूर्ति धुन धारी हो, विघ्नहरण वृद्धिकारी हो, सुख संपति दातारी हो । भजो मुनि गुणां रा भंडारी हो ।। १. भिक्षु भारीमाल ऋषिरायजी, खेतसीजी […]

Scroll to Top