हल्दी
म्हारी हल्दी रो रंग सुरंग आ निपजे मालवे
म्हारा दादीसा है- चतुरसुजान् हल्दी केवटे
मुलावे लाडलड़ी रा बाबोसा, माताजी र मन भावे
मुलावे लाडलड़ी रा काकोसा काकीसा र मन भावे.
म्हारा काकीसा है चतुर सुजान ,ऐ हल्दी केवटे
हल्दी मुलावे लाडलड़ी रा बीरोसा ,भाभीसा र मन भाV
म्हारी हल्दी से रंग सुरंग आ निपजे मालवे
बनी रा भाभीजी चतुर सुजान् ऐ हल्दी केवटे -2