Gor Ko Jhumkado & Bijano

म्हार बाबाजी र मांड़ी गीणगोर, बडीयाजी गुंथायो रंग रो झूमकड़ो ।
म्हार काकाजी र मांड़ी गीणगोर, काकीजी गुथायो रंगरो झूमकड़ो । ले‌द्यो ले‌द्यो नी नणद बाई रा बीरा लेद्यो नी हजारी ढोला झूमकड़ो ।

सुख सेजा में भूली नौसर हार, ढोलीय र पाय रंग रो झुमकड़ो ।

म्हान पीसती न सोव नौसर हार, पॉवती न सोव रंग रो झुमकड़ो ।
म्हार बिराजी र मांड़ी गीराागौर, भोजाई गुंथायो रंग रो झू‌मकड़ो। म्हार मामाजी र…
(इसी तरह उपर वाले सभी नाम लेना)
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४. (बिजणो)
बिजणो, रंग राच्यो रे मरव बीजणो ।
कठोड़ रो बासी बिजणो, रंग राच्यो….. कैलाश रो वासी बिजणो, रंग राच्यो….।
ईशरजीरो गुंथ्यो बिजणो, रंग राच्यो…..। बाई गोरा खीनायो बिजणो, रंग राच्यो…।
ए एवड़ डांडी, छेवड डांडी, रंग रंगीलो, छैल छबीलो,
अस्सी ए कल्यां रो, नौस जाल्यां रो बिजणो, रंग राच्यो रे मरवा बिजणो ।
(अब जवाई बाई का नाम लेणा)
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