ईश वन्दना
इतनी शक्ति हमें देना दाता, मन का विश्वास कमजोर हो ना हम चलें नेक रस्ते पे हमसे, भूलकर भी कोइ भूल हो ना -2
दूर अज्ञान के हो अंधेरे, तू हमें ज्ञान की रोशनीं दे हर बुराई से बचते रहें हम, जितनी भी दे, भली जिन्दगी दे बैर हो ना किसी का किसी से, भावना मन में बदले कि हो ना हम चलें नेक
हम ना सोचें हमें क्या मिला है, हम ये सोचें किया क्या है अर्पण फूल खुशियों के बाटें सभी को, सबका जीवन हीं बन जाये मधुबन अपनी करुणा का जल तू बहाके, कर दे पावन हर एक मन का कोना इतनी शक्ति हमें देना दाता………
इतनी शक्ति हमें देना दाता मन का विश्वास कमजोर हो ना हम चलें नेक रस्ते पे, हमसे भूलकर भी कोइ भूल हो ना