Sasuji Ne Nayi Binani,२ Ud Ud Re, ३Barah Mas Ka Geet
यह सरस गीत संग्रह का एक भजन है — पारंपरिक भक्ति की धरोहर। A devotional song from the Saras Geet collection. 1 सासूजी न नई बीनणी, जबरा नाच नचावै ओ कलयुग साफ सुनावै हवा लागने स्यू पश्चिम री, दुनीर्या पलटी खावै ओ कलयुग… सासु एक सुना*व जद बा पाछा पांच सुनावै थारा खारा ए फटकारा, […]