मायरा गीत (लय-होलिया म उड़े रे गुलाल)
भात भरणन आज, बीरो आयो आंगणिये
मायरों भरणन आज बीरो आयो आंगणिये
काकी और काकोसा आना-2
मामी और मामोसा आया-२
लाया भाई भतीजा न साथ, वीरो आयो आंगणिये भाई भतीजा र साथ —
आज म्हार घर आनन्द छायो
म्म्हारों कुटुम्ब कबीलो आयो -3
देखो गहरा ढोल है बाजे, भाई -भावज घूमर घाले
मोतिया स्यू मै चौक पुराऊ ,मन ही मन मैं तो हरषाऊ
मैं तो फूली समाऊ नहीं आज, बीरोसाआया आंगणिये खुशिया री बरसात , म्हारा घर आंगणिये
म्हारो बीरो मन चुनड़ी ओढावे
मायरो भरण की रीत निभावे
सोने रो सूरज,आयो म्हार आंगणिये चांद तारा खडया निछ्रावे
रखडी झुमका, पायल ,लायो
बिछिया और बेस बागा लायो
जामण जायो, बीरो लायो हीरा रो हार,
भात भरणने आज, बीरो आयो आंगणिये