Bhachya

Bhachya, Jain Bhajan

Chandan Bala

चन्दनवाला की ढाल (लय : जिया बेकरार है..) जिया बेकरार है, हृदय की पुकार है। आ जाओ महावीर प्रभु, तेरा इंतजार है।। ध्रुव ।। राजकन्या है दधिवाहन की, महलो की मतिहारी हो।  तीन दिवस से पड़ी अकेली, कर्मों की गति भारी हो।  कोई न पूछनहार है, नहीं किसी से  प्यार है ।।१ ।।  हाथ पांव […]

Bhachya, Tapsya

Anumodna Anumodna

(लय- आ चल के तुझे मैं दिखलाऊं) अनुमोदना, अनुमोदना अनुमोदना बारम्बार।  तपस्या को है, तपसी को है। वंदन है बारम्बार । विषयों से भरा, संसार पूरा आसान नही है यहां।  मन वश मे रहे, कुछ भी न कहे, दुष्कर है ये काम बङा ।।1।। तप जीत गया, मन हार गया। संयम का ये सत्कार। आसान

Bhachya, Tapsya

Guru Vanan Ghani Khhad ( Bhanchya)

गुरु वानणरी गुरू.  वानणरी.   घणी रे.     खाड़, म्हें.  तो     शहर.   सतरंज  में जायस्यांजी,  माता मोरादेवी रा नन्द, म्हें तो आदिनाथ स्वामी न बांधस्याजी.  पोलीड़ा रे पोल उगाड़, म्हें तो घणा रे उमाय आयीयाजी. आंवतंड़ा घणा बूठा छ मेंव, हरिया लोए सावनओलरोजी, ओलरियां घणा बरसा छ मेंव,म्हारै मोतीड़ालड़लांगीयाजी  ॥१॥ गुरु बानणरी घणी रे खाड़,

Bhachya, Tapsya

Motya Ra Lamak Jhumka (Bhanchya)

मोत्यांरा लामक-झुमका मोत्यां रा ए लामक- झुमका, मखतुल्यांरी बनरवाल सुखी ए आज दिन रलियामणा। बंधाओ मोरां देजी, रे ओबरै, जिण जाया छै आदिनाथ देव, सुखी ए, आज दिन रलियामणा। आदिनाथ स्वामी रो जन्म भलो हुयो, म्हारे आद हलावण देव सुखी ए, आज दिन रलियामणा।।१।। मोत्यां रा ए लामक – झुमका, मखतुल्यांरी बनरवाल सुखी ए आज

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Mhare Bala Ri Byawan Jyot , (Bhanchya)

म्हारे बाला री ब्याहण ज्योत म्हारे बाला री ब्याहण जोत, प्रभात्यो तारो उगियो। तारो उग्यो मोरादेजी री कुख, जटै आदिनाथ स्वामी जन्मिया,  आदिनाथ स्वामी मोटा छै देव, म्हारे आद हलावण देवता जी।।१।। म्हारा बाला री व्याहण जोत, प्रभात्यो तारो उगियो। तारो उग्यो अचिरादेजी री कूख, जठै शांतिनाथ स्वामी जन्मिया, शांतिनाथ स्वामी मोटा छे देव, म्हारे

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Diwalo (Bhanchya)

दींवलो पाछलडै पहर री जी रात, घर जोई ए लक्ष्मी दीवलो जी। दीवलो म्हारो एड्यां-मेड्यां टांग जठै आदिनाथ जन्मिया जी। आदिनाथ स्वामी मोटा छै देव, म्हारे आद हलाईया जी ।।१।। पाछलडै पहररीजी रात, घर जोई ए लक्ष्मी दीवलो जी। दीवलो म्हारो एड्यां-मेड्यां टांग जटै शान्तिनाथ जन्मियाजी। शांतिनाथ स्वामी मोटा छै देव, म्हारै रोग मिटाईयाजी। शांतिनाथ

Bhachya, Tapsya

Jhalar Ro Jhanko. (Bhanchya)

झालर रो झणको झालर रो झणको, कांसी रो ठणको म्हैं सुण्यो, आ तो शहर सतरंजै रै मांय, के झालर बाजै जी। सतरंजै में आदिनाथ जनमिया, औ तो माता मोरां देवी रा नन्दजी, झालर बाजै जी। झालर रो झणको, कांसी रो ठणको म्हैं सुण्यो, आ तो शहर गिरनारां रै मांय, के झालर बाजै जी। गिरनारां में

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In Re Pipaladi Ra Nav Das Dala(Bhanchya)

 इण रे पिपलड़ी रा नवं दस डाला,  आदिनाथ बस्यां स्वामी पोल चिनावी,  उठो माता मोरादेवी थारो सफल निहारो आंगन दोनी केसर रो जी छांटो,  रिमझिम केसर की लहरांजी आयें,  जठै स्वामी आदिनाथ आद हलावे ।।१।।  इण रे पिपलडी रा नव दस डाला,  नेमीनाथ बस्या स्वामीपोल चिणावो,  उठो माता सेवादे थांरो सफल निहारो,  आंगन दोनी किस्तुरी

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Sakhi Agad Chandan Ra Bhariya Kupala Ji(Bhanchya)

सखी अगड़ चंदन रा भरिया कू पला जी  सखी केशर मोत्यां भरणी सीक, बधावो जी बाजत म्हे सुण्योनी,  सखी बाजे बाजे नाभि राजा री पोळ, जठे मोर्चों मंडायीयोजी।  सखी धन्य धन्य मोरादेवी री कूख, जठे आदिनाथ स्वामी जन्मीयाजी सखीआदिनाथ स्वामी मोटा छै देव, म्हारे आद हिलावण देवताजी ।।१।। सखी बाजे-बाजै समुद्रविजयजी री पोळ, जठै मोरचो

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Mehandi-1 ( Bhanchya)

मेंहदी-१ मेंहदी जी बावण राजुल गई, कोई बायी बायी बालू रेत, मेंहदी म्हारी रंग राची मेंहदीजी सिंचण राजुल गई, कोई सींची-सींची काचै दूध, मेंहदी म्हारी रंग राची मेंहदीजी रुखालण राजुल गई, कोई छोटकीयो देवर म्हारै साथ, मेंहदी म्हारी रंग राची। मेंहदीजी चुंटण राजुल गई, कोई छोटकिया नणंद म्हारे साथ, मेंहदी म्हारी रंग राची। बाईसातो तोड्या

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