1शासन माता रो पारणो
कंठोडे स्यूं शासन देवत उतरया रे लाल, कंठोडै लिया रे मलान ओ शासन देवत,
आओ नै चौरासी लख रै पारणे ओ राज ।।
शत्रुंजय स्यूं शासन देवत उत्तरया रे लाल, अहमदाबाद लिया रे मलान ओ शासन देवत,
आओ नै हमारे घरे पारणै ओ राज ।।
शत्रुंजय स्यूं शासन देवत उतरयाँ रे लाल, हाथ कांकण माथै मोड ओ शासन देवत,
आओ नै हमारे घरे पारणै ओ राज।।
ए कुण सा घालै बेसणो रे लाल, ए कुण जी लागै लुण लुण पाय ओ शासन देवत,
आओ नै हमारे घरे पारणै ओ राज ।।
(सुसराजी का नाम) घालै बेसणो रे लाल।
(सासुजी का नाम) दे बहू लागै लुळ लुळ पाय ओ शासन देवता।
आओ नै हमारे घरे पारणै ओ राज ।।
कालर माटी चीकणी रे लाल, चूल्हा घालुं दो ए चार ओ शासन देवत।
आओ नै चौरासी लख रै पारणै ओ राज ।।
पहलै रांधू खीचडो रे लाल, दूजे करूं रै कषार ओ शासन देवत।
आओ नै चौरासी लख रै पारणै ओ राज ।।
अगण रांधू लापसी रै लाल, चोथै जिनवै रो भात ओ शासन देवत।
आओ नै चौरासी लख रै पारणै ओ राज।।
घी बरतांवा टोकणां रे लाल, असल जालापुर री खांड ओ शासन देवत।
आओ नै चौरासी लख रै पारणै ओ राज ।।
पोली पोवां लणच्छडी रे लाल, तीवण तीस बत्तीस ओ शासन देवत।
आओ नै चौरासी लख रै पारणै ओ राज ।।
केर करेला स तलू रे लाल, पापड़ तलु रे पचास ओ शासन देवत।
आओ नै चौरासी लख रै पारणै ओ राज।।
गिदी ढालू रेशमी रे लाल, फूलड़ा जडीओ बाजोट ओ शासन देवत। -आओ ने चौरासी लख है पारणे ओ राज।।
थाल परोसै पदमणी रे लाल, नेवज रो बड़ थाल ओ शासन देवत। आओ नै चौरासी लख रै पारणे ओ राज।।
जीम्यां जूठया रंज रह्या रे लाल, अमृत चलु रे कराया ओ शासन देवत।
आओ नै चौरासी लख रै पारणे ओ राज।।
चन्दन चोक्यां बैठणो रे लाल, दूध पखालूं पांव ओ शासन देवत।
आओ नै चौरासी लख रै पारणे ओ राज।।
कुणां न साजन री बाई कुलबहु ओ राज, कुणां न साजनियांरी धींव ओ शासन देवता
आओ नै हमारे घरे पारणै ओ राज।।– सारी (सुसराजी का नाम) कुल बहु ओ राज,
साजन न –सारी (पिताजी का नाम) धींव ओ, शासन देवत।
आओ नै हमारे घरे पारणै ओ राज।।
वीरां री बहन सवासणी ओ राज, नानड़ीयै (नाम)कुमार सारी नार ओ शासन देवत।
आओ नै हमारे घरे पारणै ओ राज ।।
लोग केवन्ता म्हे सुण्या रे लाल,( नाम )दे स्यू अठाई न होय ओ शासन देवता
आओ नै हमारे घरे पारणै ओ राज ।।
आं लोगां रे देखतां रै लाल, अठाई चढी निर्वाण ओ शासन देवत।
आओ नै हमारे घरे पारणै ओ राज।।
उकाली भरीयो बाटको रे लाल,( नाम )दे नै पारणो कराय ओ शासन देवत।
आओ नै हमारे घरे पारणै ओ राज ।।
दूध भरीयो बाटको रे लाल,(नाम दे )नै पारणो कराय ओ शासन देवत।
आओ नै हमारे घरे पारणे ओ राज।।