(लय- अंग्रेजी में कहते हैं)
चंदेरी के चाँद धरा पर नाम अमर तेरा
राष्ट्र संत तुलसी दुनिया में काम अमर तेरा
मानवता के अमर मसीहा जन जन की आस्था के धाम
परम पुण्य पावन चरणों में, करे हम
भाव से वन्दन है, भक्ति से अर्चन है, तन मन अर्पणहै
सहज समर्पण है बोले जयतुलसी ।
① देखा हमने गुरुवर को बच्चे लगते थे प्यारे
देकर संस्कार सलोने कितनों के भाग्य संवारे
② तुल्सी की अकथ कहानी,
बच्च्चे क्या कहे जुवानी
भरदो साहस कण 2 में कर दे गण हित कुरबानी
③ गण नंदन वन के माली हम नन्हे फूल तुम्हारे
लेना संभाल हमारी तुमही जीवन रखवारे