(लय- आने से जिसके आये बहार)
स्वागत गीत( सगा सगी)
आने से इनके आई बहार,आज मेरे आंगन में संगीत की झनकार
स्वागत मेहमानों का करे, दुगड़ परिवार
खिल उठी है कलिया और सतरंगी रंग है बिखरे
सगा सगीजी सारे ,घर आज हमारे पधारे
शंख बाजे, मृदंग बाजे, गूंज उठी शहनाई
छेडे वीणा के तार, स्वागत मेहमानों का करें दुगड़ परिवार
देखकर ये जोड़ी आज मेरा भी मन हर्षाये
लग रहा है जैसे स्वर्ग धरती पर आज उतर आया
मोर बोले ,चकोर बोले कोयल भी स्वागत में गाये
गीत बारबार, स्वागत मेहमानों का करें दुगड़ परिवार
पावन अवसर आ पहुंचा है बेसब्री से था इंतजार
आगत आज पधारे समधी खुशियों छायी अपरम्पार
समा है सुहाना सुन्दर से नजारे दों दिल, दो कुल एक हो रहे धन्य है भाग्य हमार
(तर्ज : झिलमिल सितारों (बना बनी)
झिलमिल सितारों सा बन्ना होगा
चमचम चमकती बनडी होगी
ऐसी सुन्दर बन्ना बन्नी बन्नी की जोड़ी होगी
झिलमिल –
प्रेम की गली से एक शहजादा बन्ना आएगा
टीका मिलेना मिले बिन्दिया लेके लायेगा
बिन्दिया से मुखड़े की शोभा होगी
प्रेम की गली से एक शहजादा बन्ना आएगा
कण्ठी मिले ना मिले नेकलेश ले के लाएगा
नेकलेश से गले की शोभा होगी
प्रेम की गली से एक शहजादा बन्ना आएगा
पायल मिले ना मिले बिछिया ले के लाएगा , बिछिया से पैरो की शोभा होगी
घोड़ी पे सवार बन्ना बाराती ले आएगा
फूलों भरी डोली में बन्नी को ले जाएगा
चांद सितारों सी जोड़ी होगी