Mahalo Ka Raja, Babul Ka Ye Ghar, Chod Ke Ye Ghar Dwar (Vidayi Geet)

***

विदाई गीत 1 
महलों का राजा मिला, कि रानी बेटी राज करेगी खुशी खुशी करदो विदा, तुम्हारी बेटी राज करेगी । गलीयों गलीयों धुम मचेगी, कान्धे कान्धे डोली साजेगी डोली में डोलेगा जीया २ कि रानी बेटी राज करेगी । खुशी … बेटी तो है धन ही पराया, पास अपने कोई कब रख पाया भारी करना ना अपना जिया- २ कि रानी बेटीं राज करेगी । खुशी जिस घर जाये स्वर्ग बनाये, दोनो कुल की लाज निभाये यही बाबुजी देंगे दूआ २ कि रानी बेटी राज करेगी । महलों का राजा मिला तुम्हारी बेटी राज करेगी । खुशी खुशी करदो बिदा कि रानी बेटी राज करेगी ।
Vidayi geet 2
बाबुल का ये घर बहना कुछ दिन का ठिकाना है 
बनके दुल्हन एक दिन तझे पिया घर जाना है।
बाबुल तेरे अंगना की मैं तो कली हूं रे २ 
छोड़ के ये बगीया मुझे, घर पिया का सजाना है 
बेटी घर बाबुल की किसी और की अमानत है
 दस्तूर दुनिया का हम सबको निभाना है। २
 मैया तेरे आंगण की मैं हूं एक गुड़िया रे २
 तुने मुझे जन्म दिया, तेरा घर क्यू बेगाना है
 भैया पे क्या बित रही बहना तू है क्या जाने 
कलेजे के टुकड़े को रो रो के भुलाना है 
मैया तेरे आंगन की मैं हूं एक चिड़िया रे २
 रात को बसेरा है और सुबह उड़ जाना है 
याद तेरे बचपन की हम सबको रुलायेगी २ 
फिर भी तेरी डोली को कांधा तो लगाना है २
बाबुल का ये घर बहना
बनके दूल्हन एक दिन
***
विदाई गीत 3 
(तर्ज ना कजरे की धार …)
छोड़ के ये घर द्वार, भाई बहनों का प्यार 
दिदी जाएगी आज, छोड़ के हम सबको ससुराल ।
चाचा चाची मामा मामी के साथ भी रही है २ 
मम्मी पापा के घर के दाँया हाथ ये रही है। 
(इतने दिन थी हमारी २) अब औरों की हई है
 छोड के ये … अपने मान बढ़ाना २
ससुराल जाकर के हम सबका अपने पापा के घर को छोडके हमको भूल न जाना । (ओ दिदी प्यारी दिदी। तुम याद बहुत आओगी छोड़ के ये
***

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Scroll to Top