Ghodi
कर किल्लोल म्हारी घोड़ी अनमोल, रिमझिम करती चाली आज । घुमर घाले ठुमके स्यूं चाल, जासी साजनिय घर आज ॥ इतराके लगावै कदै ठुमको,
हाँ ठुमको, कद घुघरा बजावै, कदे नखरा दिखावे
वा तो थिरक थिरक कर नाचे हाँ, कर किल्लोल
हिण हिण के दिखावै कदै लटको हाँ लटको – २
बड़ी मदमाती, आतो रंगराती, वातो झुमै और झुमावै हां, कर किल्लोल
कदै बातो गुमान लगावै हाँ लगावै – २
कदै माला झटकावै, कदै चुन्दड़ली घुमावै,
कदै किलंगी की शान दिखावै हाँ,
कर किल्लोल
कदै मदरी मदरी चालै हां चालै – २
कदै ठिठक जावै, कदै घुमर घाले, सारे शहर में धूम मचावै हाँ, कर किल्लोल
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Ghodi( लय- मेरा नाम है चमेली)
मेरा नाम है गणगोरी, मैं हूँ छोटी सी बछेरी, चली आई मैं अमेरीका जापान से बन्ना के दादाजी मुलावे, दादी रानी बैठ सजावे, दादी रानी ने सजाई बड़ी सौख बिन राजा जल्दी आवो, ज्यादा देर ना लगावो, तेजण खड़ी है दरवाजे बड़ी देर से
(इसी प्रकार सबका नाम लेना)
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