यह सांस्कृतिक और परंपरागत गीत है। A cultural and traditional song.
तर्ज (Tune): मेहंदी रची थारे हाथा में
भजन के बोल / Lyrics
आयो नूतो बाई को ,मन हरषायो भाईको
मै भात भरणन आस्या बाईं थारी पोल में
ब्याव रच्यो है आंगणिये में मन मे हरष अपार है
बेगा आओ भाई म्हारा थारी ही दरकार, है
तुम बिन सूनो द्वार हैं, थारो ही आधार है
दलबल सहित पधारो बीरा म्हारी पोल में
आओ आओ आंगणिये में, सखिया मंगल गावे है रोलीमोली चावल लेकर आरतो सजावे है
तिलक लगावा भाल पर वारि जाबा वीर पर
भात भरणन् आओ बीरा म्हारी पोल में
आयो नूतो बाई रो —
भाई भाभी साग आओ औरभतीजा साथ सें
हरखी थारी बेन फिरे है, मान बड़े ससुराल में
शोभा म्हारी बढ़जासी, पीवरिय सू सब आसी
नाना मामा चाचा ताऊ म्हारी पोल में
आयो नूतो बाई को–
नौलख चुन्ड़ी ल्यावो सुरंगी, ताराझिलमिल चमकेगा बीरा थासू ओढ़ चूनडी, म्हारो मनडो हरषेगो
आज खुशी को दिन आयो, भात भरे मां को जायो
सारो शहर सरावे बीरा म्हारी पोल में
आयो नूतो बाई को, हरषायो भाई को