Deshbhakti

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A Malik Tere Bande Hum

यह सांस्कृतिक और परंपरागत गीत है। A cultural and traditional song. ऐ मालिक तेरे बंदे हम्म…. ऐ मालिक तेरे बंदे हम, ऐसे हों हमारे करम  नेकी पर चलें और बदी से टलें  ताकि हंसते हुए निकले दम ऐ मालिक तेरे बंदे हम… बड़ा कमजोर है, आदमीअभी लाखों हैं इसमें कमी पर तू जो खड़ा, है […]

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A Mere Pyare Vatan A Mere Bichade Chaman

यह सांस्कृतिक और परंपरागत गीत है। A cultural and traditional song. ऐ मेरे प्यारे वतन ऐ मेरे बिछड़े चमन  तुझपे दिल कुरबान तू ही मेरी आरज़ू  तू ही मेरी आबरू तू ही मेरी जान  ऐ मेरे प्यारे वतन ऐ मेरे बिछड़े चमन  तुझपे दिल कुरबान तेरे दामन से जो आए उन हवाओं को सलाम  तेरे

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A Mere Vatan Ke Logo Jara Aankh Me Bhar Lo Pani

यह सांस्कृतिक और परंपरागत गीत है। A cultural and traditional song. ऐ मेरे वतन के लोगों जरा आँख में भर लो पानी  जो शहीद हुए हैं उनकी जरा याद करो कुरबानी जब घायल हुआ हिमालय खतरे में पड़ी आजादी  जब तक थी साँस लड़े वो फिर अपनी लाश बिछा दी  संगीन पे धर कर माथा

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A Vatan A Vatan Teri Raho Me

यह सांस्कृतिक और परंपरागत गीत है। A cultural and traditional song. जलते भी गए, कहते भी गए, आज़ादी के परवाने  जीना तो उसी का जीना है,  जो मरना वतन पे जाने ऐ वतन, ऐ वतन, हमको तेरी क़सम,  तेरी राहों में जाँ तक लुटा जायेंगे,  फूल क्या चीज़ है तेरे क़दमों पे हम,  भेंट अपने

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A Vatan Mere Vatan Abad Rahe (Arijit Sing)

यह सांस्कृतिक और परंपरागत गीत है। A cultural and traditional song. ऐ वतन मेरे वतन ऐ वतन आबाद रहे तू आबाद रहे तू आबाद रहे तू (आबाद रहे तू) ऐ वतन वतन मेरे आबाद रहे तू ऐ वतन वतन मेरे आबाद रहे तू ऐ वतन वतन मेरे आबाद रहे तू मैं जहाँ रहूँ जहाँ में

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Aane Wale Kal Ki Tum Tasvir Ho

यह सांस्कृतिक और परंपरागत गीत है। A cultural and traditional song. आने वाले कल की तुम तस्वीर हो  नाज करेगी दुनिया तुम पर दुनिया की तक़दीर हो  आने वाले कल की तुम तस्वीर हो  नाज करेगी दुनिया तुम पर दुनिया की तक़दीर हो  तुम हो किसी कुटिया के दीपक जग मे उजाला कर दोगे भोली

Deshbhakti, Marwari Lokgeet, Rajasthani

Are Ghas Ri Roti (Patal & Peethal)

यह सांस्कृतिक और परंपरागत गीत है। A cultural and traditional song. अरं घास री रोटी (Patal & Peetal) अरे घास री रोटी ही जद बन बिलावड़ो ले भाग्यो ।नान्हो सो अमरंयो चीख पडयो रांणा रो सोयो दुंख जाग्यो । हूं लडंयो घणो हूं सहयो घणोमेवाडी मान बचावण न ,हूं पाछ नहीं राखी रण मंबेरया रो

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Arun Yah Madhumay Desh Hamara

यह सांस्कृतिक और परंपरागत गीत है। A cultural and traditional song. अरुण यह मधुमय देश हमारा जयशंकर प्रसाद यह गीत जयशंकर प्रसाद द्वारा लिखा गया है। इसे उनकी अमर कृति ‘भारत महिमा से लिया गया है। इस प्रसिद्ध गीत को 12 अलग-अलग धुनों में संगीतबद्ध किया जा चुका है। अरुण यह मधुमय देश हमारा । 

Deshbhakti, Marwari Lokgeet

Bharat Mharo Desh Putharo Vesh

यह सांस्कृतिक और परंपरागत गीत है। A cultural and traditional song. BHARAT MHAARO DESH FUTARO VESH  भारत म्हारो देश फूटरो वेश के धन- धन भारती,  बोलो जय जय कार उतारो आरती ,हो हो उतारो आरती —–  सोनो उगले धरती अम्बर ,मोतीड़ा बरसावे रे,  मुलके सूरज चाँद गीत कोयलड़ी मीठा गावे रे,  हिमगिरि योगी राज शीश

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