भाभी थारे घुंघटीये पर मोर बोले
भाभी थारे घुंघटीये पर मोर बोले -२
अरे ना ना नणदल बाईसा थारो वीर डोले -४
भाभी थारे काना करणफूल बोले -२
अरे न ननणदल बाईसा थारो वीर झूलें -२
भाभी थारे गलपटिये में हीरा चमके -२
अरे ना ना नणदल बाईसा थारो वीर दमके-४
महला जाता भाभी तेरी पायल छनके -२
अरे ठुनको सुनकर आवे बालम बणठणके -४
भाभी थारे नथ रा मोती रंग रंगीला -२
अरे ना ना नणदल बाईसा पिया छैल छबीला
भाभी थारे ——–