काजलियो-2
(लय-पियाकी नजर म्हार काजल पे)
मैं जद भी पेरू पायल, सारा हो जावे घायल -2
म्हारा जद भी कंगना खनके इ दुनिया को दिल धड़के
घुल घुल कर आवै बादलियो ,जद में लगाऊ पिया काजलियो
काजालयों जी पिया, काजलियो,
रूपनगर की मै नार नवेली सब पर भारी एक अकेली -2
दुनियों का सब चाँद सितारा, म्हार आग फीका सारा,
सरमावे चाँद को चांदनियों ,जद में लगाऊपियाकाजलियों
दुनिया आ सारी म्हारे पाछे, पर में सायब जी थारे पाछे-2
थासू है सिणगार है सारो थे निरखो लागो हैप्यारो
‘ म्हार नाच मन को आंगणियो