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(तर्ज – होलीया म उड़रे …)
झीणी झीणी उड रे गुलाल, बन्ने को पेचो भीज है अरे आंगनीय में उड रे गुलाल, बन्नी की चूनड़ भीज है
म्हारी बन्नी देखो नखरे वाली २
शौकिन बहुत रे नवाब, कि गयो रे परणीजण ने …
म्हारी बन्नी के झुमर सोहे – २
बन्ने रे सोवे नौलख हार, कि गयो रे परणीजण ने
म्हारी बन्नी देखो चूड़ले वाली – २
कड़ले वालो रे नवाब, कि गयो रे परणीजण ने…
म्हारी बन्नी देखो नथली वाली – २
मुछ्यां वालो रे नवाब, कि गयो रे परणीजण ने
म्हारी बन्नी को जोड़ी ऐसी -२
जैसे तारों बीच चांद, कि गयो रे परणीजण ने
झीणी झीणी उड रे गुलाल, बन्ने को पेचो भीज है
अरे आंगन म उडरे गुलाल, बन्नी की चुनर भीज हो २
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(तर्ज – सर पर टोपी लाल …)
गोरे गोरे गाल – गाल पर वारुं टमाटर चार, बन्नी तेरा क्या कहना ।
सिर पर साफा लाल, हाथ में रेशम का रुमाल, बन्ना तेरा क्या कहना ।
दादा खर्चे नोट देख दादी के उड गये होश … बन्नी तेरा … बाबा खर्च नोट, देख बडीया के उड़ गये होश … बन्नी तेरा पतले पतले होठ, होठ पे वांर सौ का नोट … बन्नी तेरा गोरे गोरे गाल, गाल पर पावडर का कमाल बन्नी तेरा पापा खर्चे नोट देख मम्मी के उड़ गये होश… बन्नी तेरा काका खर्चे नोट देख काकी के उड़ गये होश… बन्नी तेरा तीरछी तीरछी चाल, चाल पर वारु चवन्नी चार … बन्नी तेरा …
सीर पर ओढे लाल चुन्दड़ीया, हाथों में खनके कंगना
गोरे गोरे गाल सिर पर साफा लाल ,बन्नी
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