यह जैन तीर्थंकरों और संतों की वंदना का भजन है — भक्ति और स्वाध्याय के लिए। A Jain devotional song honoring the Tirthankaras and saints.
अनुपम ज्योति किरण लायै, सबके मानस हर्षायें
तर्ज (Tune): नीले घोड़े रा असवार
भजन के बोल / Lyrics
आत्म विजेता श्री महावीर आये गहन तिमिर को चीर
अनुपम ज्योति किरन लाये सबके मानस हर्षाए
क्षत्रिय कुंड ग्राम के प्यारे ,क्षत्रिय कुल उजियारे
शांति विधायक बोधि प्रदायक जन -२ नयन सितारे
लाये अमृत मय संदेश, हरने रोष रागअरु दैष
अनुपम ज्योति किरन लाये
अनु प्रति कूल परिषह आये एक-र से बढ़कर
संगम के मारणान्तिक संकट सहन किये हंस-हंसकर
समता के नव दीप जलाने, जनता को राह दिखाते
अनुपम ज्योति किरन लाये