यह विवाह गीत है जो शादी, मांगलिक कार्यक्रमों और पारिवारिक उत्सवों में गाया जा सकता है। A traditional wedding song for marriage ceremonies and family celebrations.
तर्ज (Tune): फ़िल्मी तर्ज – कौन दिशा में लेके चला
भजन के बोल / Lyrics
मूषक सवारी लेके आना गणराजा,
रिद्धि सीधी को ले आना आके भोग लगाना मेरे आंगन में.. मूषक सवारी लेके आना गणराजा
लाल सिंदुर का टिका लगा के पान और फूल चढ़ाउ, मोदक लडूवन से भर थाली तुम को भोग लगाउं
देख तुम्हारी महिमा निराली -२गाउ बारम्बार हो,
कारज मेरे सब शुभ कर जाना रिद्धि सीधी को ले आना आके भोग लगा.
मेरे आंगन में…. मूषक सवारी लेके आना गणराजा
सुख करता तुम दुःख के हरता सब के प्यारे गणेश हो, प्यार दुलार हमेशा रहे प्रभु ना हो कोई कलेश हो,
सब की नईया पार किये हो मुझको भी दो तारहो चरणों मे तेरा प्रभु मेरा हो ठिकाना, रिद्धि सिदधी को ले आना आके भोग लगाना
मेरे आंगन में, मूषक सवारी लेके आना गणराजा