Kalptaru Ra Beej Falya
यह जैन तीर्थंकरों और संतों की वंदना का भजन है — भक्ति और स्वाध्याय के लिए। A Jain devotional song honoring the Tirthankaras and saints. कल्पतरु रा बीज (लय : लूटाकर लंका रो राज) कल्पतरु रा बीच फल्या, बलिदाना रा सुमन खिल्या. आं सुमनां री सौरभ लेवण, आवो म्हांरा स्वामीजी। एकर तो पधारो नी ॥ […]