Lag Rahi Rang Bahar M
यह जैन तीर्थंकरों और संतों की वंदना का भजन है — भक्ति और स्वाध्याय के लिए। A Jain devotional song honoring the Tirthankaras and saints. लग रही रंग बहार, छाई खुशियां अनपार यह नगर हुआ गुलजार, वीर जयन्ती आई है ॥ १. सौभाग्यवती मां त्रिशला, जिसने पाया यह नन्दन। रोशन धरती का कण कण, जन […]