Jhini Jhini Odhani Mein Baras Gayi Badali
झिणी झिणी ओढ़नी में बरस गई बादली-२ओल्युडी आवे, सांवरिया रे थारी ओल्युडीआवे, परदेसी रे थारी ओल्युडीआवे, ऊबी जोवे गोरडी जी साजन थारी बाट -२ सूनी सेजा गौरी बिलखें,फागणिये री रात हों होहो—होली आई मतवारी ,थारीसुरतिया प्यारी , जाऊं मैं तोबलिहारी ,थारी ओल्युडीआवे और सहेलियां पिव सन्ग खेले हैं होली,-२ बिन रंग फीकी लागे तनडे री […]