तुलसी तुमको करते हैं
(तर्ज : बहुत प्यार करते)
तुलसी ! तुमको करते हैं हर पल नमन। हमें शक्ति दे दो, मिलेगा अमन ॥
१. तुम्हारी नजर में, जिन्दगी हमारी। हमारे सफर में, दिशाएं तुम्हारी। बढ़ेंगे सदा हम, दिल की लगन ॥
२. तुम्हारी शरण है, हमारा सहारा। जग को मिलेगा, तुम्हीं से उजारा। प्रेम का समन्दर, तुम्हारे नयन ॥
३. शासन में तेरे, आए बहारें। बढ़ते रहेंगे, तेरे सहारे । नाम पै तुम्हारे, जमाना मगन ॥
४. तुम्हारे कदम पर चलेंगे सदा हम । सफलता मिलेगी, चाहते यही हम। खुदा तुम हमारे, खिलेगा चमन ॥