Banora 1
पुछ म्हार राज बनेरी माय क आज बनोरो कीर नत्यो जी, सुरज जी र रेणादे जी नार क आज बनोरो बार नृत्यो जी गजानन्द जी र रिद्ध सिद्ध देवर जी नार क आज बनोरो बार नुत्यो जी ।
जिम म्हारो बनड़ों घी गुड मायली खाँड़ क और पंचधारी लापसीजी
पिवे म्हारो बनड़ो भैंसड़ल्या रो दूध क माय पताशा घोलीया जी
चाब म्हारो बनड़ो नागर बैलरा पान क मांय मसरखो एलची जी
बनड़ो म्हारो राय चम्पेरो फूल रायजादी केलु कामड़ी जी महकण लाग्यो राय चम्परो फूल क ललकण लागी कामड़ी जी***
बनड़ो म्हारो सावणीय रो मेह रायजादी आभा बिजली जी बरसण लाग्यो सावणीय रो मेह क चमक आभा बिजली जी
बनड़ो म्हारो मोतीड़ा रो हार, रायजादी कसुम्बल काँचली जी
भलकण लाग्यो मोतीड़ा रो हार क सदा ए सूरंगी कांचली जी
बनड़ो म्हारो डुंगरीय रो मोर रायजादी बनरी कोयली जी नाचण लाग्यो डुंगरीय रो मोर क शब्द सुणाव कोयली जी
बनोरा का गीत 2
कुणासारो कंवर लाडलड़ो, घर कुणासार न्त्यो एसैया,
ए म्हारो ए म्हारी लाल ( nam) सारो कंवर लाडलड़ो, घर (नाम )जीर नृत्यो ए सैया,
म्हे थान पुछा कंवर लाडलड़ा,
किसी रे जुगत स्यूं जीमायो ए सैया…
खीर खांड रा भोजन राध्यां,
लापसड़ी पंचधारी ए सैया म्हे धान पुछा कंवर लाडलड़ा, किसी रे जुगत स्यूं पहुँचायो ए सैंया
माणक मोत्यां खोल भराई, मोटर कर पहुँचायो ए सैया थे जुग जीवो,( नाम)सारा छावा, भली रे जुगत स्यूं जिमायो ए सैयाँ थे जुग जीवो सजनारी ए जाई, भलीरे जुगत स्यूं पहुँचायो ए सैयाँ ***
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