आए है हम गुरु चरणों में दर्शन कर हर षाये है
ज्ञानशाला के बच्चे भारत के दिल से आएहै
① हम बच्चे सौभागी कितने, महावीर शासन पाया महाश्रमण गुरु देव का रहता हम पर नित साया महाश्रमणी श्री विश्रुतविभा जी आपके दर्शनपाये है
② देव हमारे है अरिहंत महा श्रमण गुरुवर का नाम
धर्म हमारा जैन तेरापंथ का करना रोशन नाम
तन मन अर्पितपूर्ण समर्पित शुभ संकल्प जगाये है
③ खाली झोली आए है हम झोली भरकर जायेंगे छोटे-2भक्त तुमसे आश्वासन तो पायेगें
महर कराये अब फरमाये बैठे पलक बिछाये है