(तर्ज- तन डोले मेरा मन… (नागिन))
शिव भोले, बम बम बोले, तेरे सेवक करे पुकार रे,
तूं तीन लोक का स्वामी है।।
देवों में तू महादेव है, बाबा औघड़दानी, ब्रह्मा, विष्णु महिमा गावें, माया कोई ना जानी, ओ बाबा, माया
भंग के गोले, चढ़ते भोले, बहे दूध की धार रे, दूँ…।।
रोज नियम से दर्शन करने, आते नर और नारी,
आक धतूरा से खुश होते, भूतनाथ भंडारी,
ओ बाबा, भूतनाथ
सब मिल बोले, तेरी जय भोले,
खड़े दोनों हाथ पसार रे तूं..।।
दुनियां के हो पालनकर्ता, सब के भाग्य विधाता,
सच्चे मन से जो भी तुम्हारे, दर्शन करने जाনা,
ओ बाबा, वर्शन
किस्मत खोले, शिव बम भोले, करते हो बेड़ा पार रे, दूँ….