Ghor Tapsi Ki Dhal
(तर्ज और रंग दे रे..) घोर तपस्वी मुनि श्री सुखलालजी घोर तपसी हो मुनि घोर तपसी, थारो नाम उठ-उठ जन भोर जपसीजी। घोर तपसी हो ‘सुख’ घोर तपसी, थारो जाप जप्यां करमां ही कोड़ खपसी ।। दो सौ बरसां ही भारी ख्यात है बणी, थांरो नाम मोटा तपस्यां रेसाथ फबसी। ओअनशन आ सहज समता, लाखों […]